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बाबा रामदेव से कोई मतभेद नहीं : सिब्बल योग गुरु स्वामी रामदेव ने काले धन और भ्रष्टाचार के खिलाफ अपना सत्याग्रह वापस लेने की केन्द्र सरकार की अपील ठु़कराते हुए आज मांग की कि सरकार विदेश में जमा काले धन को राष्ट्रीय सम्पत्ति घोषित करने और ऐसा धन जमा करने वाले लोगों को राष्ट्रद्रोही घोषित करने के संबंध में तत्काल अध्यादेश जारी करे। नई दिल्ली, एजेंसी। बाबा रामदेव प्रधानमंत्री की अपील को ठुकराते हुए भ्रष्टाचार और काले धन के मामले पर 4 जून से जंतर मंतर पर अनशन के लिए दिल्ली पहुंच गए हैं। वित्त मंत्री प्रणव मुखर्जी और तीन वरिष्ठ मंत्रियों ने बाबा को मनाने के लिए उनसे मुलाकात की। बाबा रामदेव से मुलाकात के बाद केंद्रीय मंत्री कपिल सिब्बल ने कहा कि बाबा के साथ कोई मतभेद नहीं है। बाबा रामदेव के साथ बातचीत आगे भी जारी रहेगी। उन्होंने कहा कि बाबा ने देश को प्रभावित कर रहे गंभीर मुद्दों को उठाया है। सरकार गंभीरता से इन पर ध्यान देगी। वहीं, बाबा रामदेव ने कहा है कि पहले दौर की बातचीत सकारात्मक रही है, लेकिन जब तक कोई निर्णायक फैसला नहीं होता सरकार के साथ बातचीत आगे भी जारी रहेगी। हालांकि बाबा ने यह साफ कर दिया कि 4 जून से होने वाले उनके अनशन के कार्यक्रम में कोई बदलाव नहीं हुआ है और बाबा नहीं मानने वाले बाबा रामदेव ने कहा कि जब तक सरकार काले धन को वापस लाने के लिए अध्यादेश नहीं ले आती, उनका प्रस्तावित अनशन जारी रहेगा। उन्होंने कहा इसमें एक महीने, दो महीने या फिर कितना भी समय लगे, वह नहीं डिगेंगे। रामदेव ने दिल्ली आने से पहले उज्जैन में स्वाभिमान जागरण यात्रा का समापन करते हुए कहा कि वह दिल्ली पूरे आत्मविश्वास के साथ जा रहे हैं। मुझे उम्मीद है कि विदेशों में जमा भारत का पूरा काला धन वापस आ जाएगा। रामदेव ने लोगों से भी उनके अनशन में शामिल होने की अपील की। रामदेव ने कहा, प्रधानमंत्री ने मुझसे अनशन न करने की अपील की थी, लेकिन मैं देश को बचाने के लिए 4 जून से अनशन पर जाऊंगा। रामदेव ने कहा कि उन्हें केंद्र सरकार से समर्थन मिलने की पूरी उम्मीद है। एक सवाल के जवाब में उन्होंने स्वीकार किया कि अनशन से पहले उनकी मंत्रियों के साथ बैठक होने वाली है। इस बैठक में उनके वही मुद्दे होंगे, जिनको लेकर वह अनशन करने जा रहे हैं। अन्ना से बड़ा होगा अनशन अन्ना हजारे और उनके बीच बढ़ रहे मतभेदों के सवाल पर उन्होंने कहा कि वे दोनों एक-दूसरे के साथ हैं। अन्ना हजारे के नेतृत्व में जो आंदोलन हुआ था वह सांकेतिक था। चार जून से होने वाले अनशन में एक लाख लोग दिल्ली पहुंचेंगे और एक करोड़ लोग विभिन्न स्थानों पर उपवास करेंगे। उन्होंने कहा कि देश के लगभग एक करोड़ लोग उनके साथ हंै। बाबा रामदेव ने कहा कि उनका यह आंदोलन ऐतिहासिक होगा उन्हें इसके लिए देशभर से जन समर्थन मिल रहा है। |
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